पुलिस टीम पर फायरिंग के दोषी को तीन साल की सजा
ज्ञानपुर (भदोही)। अपर सत्र न्यायाधीश पुष्पा सिंह की अदालत ने पुलिस टीम पर फायरिंग करने के मामले में दोषी शकील उर्फ बड़े मियां को तीन साल के कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर पांच हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। जुर्माना अदा न करने की स्थिति में दो महीने का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
अभियोजन के अनुसार, करीब डेढ़ वर्ष पूर्व दुर्गागंज क्षेत्र के कुढ़वा चौराहे के पास भदोही के चर्चित प्रधानाचार्य हत्याकांड के आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम दबिश देने पहुंची थी। बताया गया कि 30 अक्तूबर 2024 को प्रभारी निरीक्षक भदोही के नेतृत्व में पुलिस टीम आरोपी शकील निवासी सुलेमपुर (हरखपुर), थाना मऊ आइमा, जिला प्रयागराज तथा आशीष उर्फ भोले निवासी पंडिला इस्माइल गंज, थाना थरवई, जिला प्रयागराज को पकड़ने गई थी।
पुलिस के मुताबिक घेराबंदी के दौरान आरोपियों ने भागने का प्रयास किया और पुलिस टीम पर अवैध असलहे से फायरिंग कर दी। हालांकि सतर्कता बरतते हुए पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की और मुठभेड़ के बाद दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी में उनके पास से अवैध तमंचा व कारतूस बरामद हुए, जिसके आधार पर आयुध अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।
विवेचना अधिकारी ने साक्ष्य संकलित कर आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने गवाहों और बरामदगी के आधार पर आरोप सिद्ध किया। मॉनिटरिंग सेल की प्रभावी पैरवी के बाद अदालत ने शकील उर्फ बड़े मियां को दोषी ठहराते हुए तीन वर्ष का कारावास व पांच हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।
पुलिस अधिकारियों ने निर्णय को कानून-व्यवस्था की दिशा में महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि अपराधियों के विरुद्ध आगे भी इसी तरह प्रभावी कार्रवाई जारी रहेगी।
Author: Ashu Jha : Bharat Kranti News
Ashu Jha एडिटर, भारत क्रांति न्यूज़ Ashu Jha भारत क्रांति न्यूज़ के एडिटर हैं और निष्पक्ष, सटीक व ज़मीनी पत्रकारिता के लिए पहचाने जाते हैं। वे समाचारों की गुणवत्ता और विश्वसनीयता सुनिश्चित करते हुए टीम का नेतृत्व करते हैं। उनका ध्यान जनता से जुड़े मुद्दों, सरकारी नीतियों के असर और सामाजिक सरोकारों पर रहता है। Ashu Jha का मानना है कि पत्रकारिता केवल सूचना नहीं बल्कि समाज में सकारात्मक परिवर्तन का माध्यम है।
