मशहूर प्रधानमंत्री ने रेप किया’ – जेफरी एपस्टीन सेक्स कांड की पीड़िता ने खोला सनसनीखेज राज
नई दिल्ली, डिजिटल डेस्क।
जेफरी एपस्टीन के सेक्स ट्रैफिकिंग कांड की प्रमुख पीड़िता वर्जीनिया गिफ्रे ने अपनी आत्मकथा “Nobody’s Girl” / “True Justice” में कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। इस किताब ने न केवल अमेरिका और यूरोप बल्कि विश्वभर में मानव तस्करी, यौन शोषण और राजनीतिक सियासत पर हलचल मचा दी है।
संस्मरण का सबसे बड़ा खुलासा: एक ‘नामी-गिरामी प्रधानमंत्री’ ने किया बलात्कार
गिफ्रे ने दावा किया कि एक मशहूर प्रधानमंत्री ने उनके साथ क्रूर यौन उत्पीड़न किया।
“उस प्रधानमंत्री ने बार-बार मेरा गला दबाया, जब तक मैं बेहोश नहीं हो गई। उसे मेरे डर का आनंद मिलता था।”
हालांकि, प्रतिशोध के डर से उन्होंने इस प्रधानमंत्री का नाम सार्वजनिक नहीं किया। इस खुलासे ने राजनीतिक और सामाजिक हलकों में तहलका मचा दिया है।
प्रिंस एंड्रयू के साथ यौन शोषण और तस्करी का नेटवर्क
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गिफ्रे ने अपनी किताब में लिखा कि उन्हें तीन बार प्रिंस एंड्रयू के साथ यौन संबंध बनाने के लिए तस्करी किया गया।
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इनमें से दो बार वह केवल 17 वर्ष की थीं, जिसके कारण प्रिंस एंड्रयू ने अपनी उपाधियों को छोड़ दिया।
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पहली घटना 10 मार्च 2001 को हुई थी।
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एपस्टीन ने प्रिंस एंड्रयू के साथ एक रात बिताने के लिए गिफ्रे को 15,000 डॉलर दिए।
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इस घटना के दौरान उनकी पोशाक गुलाबी क्रॉप-टॉप टी-शर्ट और बहुरंगी जींस थी, जिसे उन्होंने ब्रिटनी स्पीयर्स और क्रिस्टीना एगुइलेरा से प्रेरित बताया।
डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात और नौकरी की पेशकश
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गिफ्रे ने अपनी किताब में बताया कि उनके पिता ने उन्हें 16 वर्ष की उम्र में रियल एस्टेट के दिग्गज (जो बाद में अमेरिका के राष्ट्रपति बने) से मिलवाया।
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ट्रंप ने उन्हें मार-ए-लागो रिसॉर्ट में लॉकर रूम अटेंडेंट की नौकरी दी और बच्चों की देखभाल का काम ऑफर किया।
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इसी रिसॉर्ट में गिस्लेन मैक्सवेल ने उन्हें देखा और बाद में एपस्टीन के नेटवर्क में उनका इस्तेमाल किया।
अस्पताल, गर्भपात और कानूनी लड़ाई
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2001 की गर्मियों में सामूहिक यौन शोषण के बाद गिफ्रे को न्यूयॉर्क के हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया।
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उन्होंने गर्भपात का भी जिक्र किया।
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गिफ्रे ने लिखा कि एपस्टीन और मैक्सवेल ने कभी कंडोम का इस्तेमाल नहीं किया।
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2009 में उन्होंने एपस्टीन के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू की।
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धमकियों और खतरों के कारण उन्होंने परिवार सहित अमेरिका छोड़कर ऑस्ट्रेलिया जाने का निर्णय लिया।
अंतिम पड़ाव: 41 वर्ष की उम्र में आत्महत्या
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लगातार मानसिक और शारीरिक उत्पीड़न, धमकियों और सामाजिक दबाव से जूझते हुए वर्जीनिया गिफ्रे ने अप्रैल 2024 में 41 वर्ष की उम्र में आत्महत्या कर ली।
क्यों है यह खबर महत्वपूर्ण?
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वैश्विक राजनीति में उच्च पदों पर बैठे नेताओं के खिलाफ गंभीर आरोप।
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सेक्स ट्रैफिकिंग और मानव तस्करी के अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क का खुलासा।
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महिला सुरक्षा, गर्भपात और कानूनी न्याय प्रणाली पर नया विमर्श।
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अमेज़न बेस्टसेलर सूची में शीर्ष पर रहने वाला संस्मरण।
Author: Bharat Kranti News
Anil Mishra CEO & Founder, Bharat Kranti News Anil Mishra is the CEO and Founder of Bharat Kranti News, a platform dedicated to fearless and unbiased journalism. With a mission to highlight grassroots issues and promote truth in media, he has built Bharat Kranti News into a trusted source of authentic and people-centric reporting across India.
