“मण्डलायुक्त और जिलाधिकारी ने महाकुम्भा मेला की तैयारियों के तहत विन्ध्याचल में किया निरीक्षण”

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मण्डलायुक्त एवं जिलाधिकारी ने महाकुम्भा मेला की तैयारियों के दृष्टिगत मन्दिर परिसर व घाटों का किया गहन निरीक्षण

गोताखोरों और नावों की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने का मण्डलायुक्त ने दिया आदेश

ब्यूरो रिपोर्ट: पवन उपाध्याय

मीरजापुर, 12 जनवरी 2025 – मण्डलायुक्त बालकृष्ण त्रिपाठी और जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने आगामी महाकुम्भा मेला की तैयारी के तहत विन्ध्याचल में स्थित मां विन्ध्यवासिनी देवी के धाम में मन्दिर परिसर और घाटों का विस्तृत निरीक्षण किया। इस मेला का आयोजन 13 जनवरी 2025 से होने जा रहा है, और मेला स्थल पर तैयारियों की गुणवत्ता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए यह निरीक्षण किया गया।

मेला स्थल के निरीक्षण के दौरान मण्डलायुक्त और जिलाधिकारी ने पहले नाव पर बैठकर पक्का घाट, दीवान घाट, बालू घाट, अखाड़ा घाट, और रामगया घाट तक का दौरा किया। इन घाटों की स्थिति और निर्माण कार्यों की प्रगति का आकलन किया गया। जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने मण्डलायुक्त को जानकारी देते हुए बताया कि दीवान घाट से मोती झील तक 1.5 किलोमीटर लंबा पाथवे का निर्माण कार्य प्रस्तावित है। साथ ही मोती झील से पक्का घाट तक 700 मीटर लंबा पाथवे और अखाड़ा घाट से पक्का घाट तक 300 मीटर लंबा घाट डेवलेपमेंट कार्य भी कराया जा रहा है। इन कार्यों की स्थिति पर मण्डलायुक्त ने संतोष व्यक्त किया और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर ध्यान

मण्डलायुक्त बालकृष्ण त्रिपाठी ने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि इन निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह की लापरवाही या गुणवत्ता में कमी पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। मण्डलायुक्त ने यह भी कहा कि इन कार्यों को समय पर पूरा किया जाए, ताकि मेला के दौरान श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो और मेला का आयोजन पूरी तरह से सुचारू रूप से हो सके।

श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधाओं के लिए जरूरी इंतजाम

मण्डलायुक्त ने महाकुम्भा मेला के दौरान विन्ध्याचल में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की संभावना जताई। उन्होंने कहा कि सुरक्षा और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए गोताखोरों और नावों की पर्याप्त व्यवस्था पहले से सुनिश्चित की जाए। “महाकुम्भा मेला के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की उम्मीद है, इसलिये गोताखोरों और नावों की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए ताकि श्रद्धालुओं को स्नान के दौरान किसी प्रकार की कोई परेशानी न हो और वे सुरक्षित रूप से मेला स्थल पर पहुंचे।”

इसके अलावा मण्डलायुक्त ने यह भी कहा कि स्नान के लिए जो घाट चिन्हित किए गए हैं, उन घाटों पर ही श्रद्धालु स्नान करें। अन्य घाटों पर स्नान करने से बचने की हिदायत दी गई है ताकि किसी प्रकार की दुर्घटना न हो और जलस्तर की स्थिति पर भी नियंत्रण रखा जा सके।

साफ-सफाई और विद्युत व्यवस्था का विशेष ध्यान

मण्डलायुक्त ने नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी को निर्देश दिया कि मन्दिर परिसर और घाटों की साफ-सफाई सुनिश्चित की जाए। इसके लिए शिफ्टवार सफाई कर्मियों की ड्यूटी लगाई जाए। उन्होंने कहा, “मेला क्षेत्र में भारी भीड़ आने वाली है, इसलिए सफाई की जिम्मेदारी और बढ़ जाती है। सभी स्थानों पर नियमित सफाई और गंदगी के निस्तारण के लिए उचित इंतजाम किए जाएं।”

साथ ही विद्युत विभाग को यह आदेश दिया गया कि पूरे मेला क्षेत्र में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित की जाए ताकि श्रद्धालुओं को रात के समय भी किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा, “प्रकाश व्यवस्था ऐसी होनी चाहिए कि सभी रास्तों और घाटों पर श्रद्धालुओं को बिना किसी समस्या के आवागमन हो सके।”

वाहन प्रवेश पर कड़ी निगरानी

जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी निर्देश जारी किए। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को कहा कि पुरानी वीआईपी व्यवस्था के तहत मुख्य द्वार पर किसी भी प्रकार के वाहनों का प्रवेश न होने दिया जाए, ताकि श्रद्धालुओं की भीड़ में कोई व्यवधान न उत्पन्न हो। जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि यातायात व्यवस्था के तहत भीड़ को नियंत्रित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएं।

कुम्भ मेला की व्यवस्था में पुलिस और प्रशासन की भूमिका

जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि कुम्भ मेला के दौरान सार्वजनिक सुरक्षा सर्वोपरि है, और इसके लिए सभी संबंधित विभागों को मिलकर काम करना होगा। पुलिस विभाग के अधिकारियों को यह निर्देश दिए गए कि वे श्रद्धालुओं के प्रवाह को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा उपायों को सख्ती से लागू करें। साथ ही, मुख्य द्वार और मेला क्षेत्र में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जाएं ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।

सम्बन्धित अधिकारी मौजूद रहे

इस निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी शिव प्रताप शुक्ल, नगर मजिस्ट्रेट लाल बहादुर सिंह, नगर पालिका मीरजापुर के अधिशासी अधिकारी गोवा लाल और अन्य संबंधित अधिकारी भी उपस्थित रहे। इन अधिकारियों ने मण्डलायुक्त और जिलाधिकारी को तैयारियों की स्थिति के बारे में रिपोर्ट दी और सभी कार्यों को समय पर पूरा करने का आश्वासन दिया।

(रिपोर्ट: आशु झा, संपादक: पवन उपाध्याय , भारत क्रांति न्यूज)

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Author: Bharat Kranti News

Anil Mishra CEO & Founder, Bharat Kranti News Anil Mishra is the CEO and Founder of Bharat Kranti News, a platform dedicated to fearless and unbiased journalism. With a mission to highlight grassroots issues and promote truth in media, he has built Bharat Kranti News into a trusted source of authentic and people-centric reporting across India.

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