जेल में बैठा गैंगस्टर चला रहा था तस्करी का धंधा — घर में नोट गिनते-गिनते थक गई पुलिस, 22 घंटे तक चली गिनती!
प्रतापगढ़ (उत्तर प्रदेश)।
एक कुख्यात गैंगस्टर राजेश मिश्रा भले ही जेल के पीछे था, लेकिन उसका तस्करी का साम्राज्य पूरे उत्तर प्रदेश से लेकर बिहार और मध्य प्रदेश तक फैला हुआ था। रविवार को पुलिस ने जब राजेश के गांव मुन्दीपुर (थाना मानिकपुर) में उसके घर पर छापा मारा, तो जो कुछ वहां मिला, उसने हर किसी को हैरान कर दिया।
नोटों के पहाड़ और ड्रग्स का जखीरा
घर के अंदर पुलिस को काले पन्नियों में लिपटे नोटों के बंडल, गत्तों में पैक गांजा, और लोहे के ट्रंक में रखी स्मैक मिली। घर में कैश गिनने की मशीनें लगी थीं — यह देखकर पुलिस भी दंग रह गई।
पुलिस ने गिनती शुरू की तो उसे खत्म करने में पूरे 22 घंटे लग गए।
कुल बरामद रकम ₹2 करोड़ 1 लाख 55 हजार 345 रुपये निकली, जबकि 6.075 किलो गांजा और 577 ग्राम हेरोइन बरामद हुई। पुलिस के मुताबिक जब्त ड्रग्स की बाज़ार कीमत ₹3 करोड़ रुपये से अधिक है।
पत्नी रीना मिश्रा चला रही थी पूरा सिंडिकेट
पुलिस छापे के दौरान राजेश मिश्रा की पत्नी रीना मिश्रा, बेटा विनायक, बेटी कोमल, और रिश्तेदार यश व अजीत मिश्रा घर में मौजूद थे। सभी को मौके से गिरफ्तार कर लिया गया।
जांच में खुलासा हुआ कि रीना ही पूरे नेटवर्क की सरगना थी। वह रोज जेल में बैठे राजेश से फोन पर बात करती थी और सारे सौदे उसी के इशारे पर फाइनल करती थी।
गांव वालों के मुताबिक रीना मिश्रा का पूरे इलाके में खौफ था —
“कोई उसके घर की तरफ देखता तक नहीं था। हर कोई जानता था कि वहां कुछ गड़बड़ चल रहा है।”
ट्रकों की आवाजाही से खुला राज
स्थानीय लोगों ने पुलिस को बताया कि उस घर पर अक्सर ट्रक और अजनबी लोग आते-जाते रहते थे।
पुलिस का मानना है कि घर से ही पूरे नेटवर्क का लॉजिस्टिक कंट्रोल सेंटर चलाया जा रहा था। रीना मिश्रा के इशारे पर नशे का माल अलग-अलग जिलों — प्रतापगढ़, प्रयागराज, कौशांबी, बिहार और मध्य प्रदेश तक भेजा जाता था।
फर्जी दस्तावेज़ों से पति को छुड़ाने की कोशिश
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि रीना मिश्रा और उसके बेटे विनायक ने राजेश को जेल से छुड़ाने के लिए फर्जी दस्तावेज़ कोर्ट में जमा करवाए।
इस मामले में दोनों पर धोखाधड़ी, जालसाजी और गैंगस्टर एक्ट समेत कई धाराओं में मुकदमा दर्ज हुआ है।
पहले भी परिवार की ₹3 करोड़ से अधिक की संपत्ति कुर्क की जा चुकी है, लेकिन गिरोह ने अपना नेटवर्क जारी रखा।
पुलिस अब खंगाल रही है डिजिटल ट्रेल
अब पुलिस पूरे गैंग के आर्थिक नेटवर्क को ट्रैक कर रही है।
बैंक खाते, प्रॉपर्टी रिकॉर्ड, डिजिटल ट्रांजैक्शन और मोबाइल डाटा की जांच जारी है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक गिरोह ने लॉजिस्टिक कंपनी और जमीन खरीद के नाम पर करोड़ों रुपये का अवैध निवेश किया है।
पांच गिरफ्तार, बाकी की तलाश जारी
फिलहाल पुलिस ने राजेश की पत्नी रीना मिश्रा, बेटा विनायक, बेटी कोमल, रिश्तेदार यश और अजीत मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस टीम अब नेटवर्क से जुड़े अन्य तस्करों और सहयोगियों की पहचान में जुटी है।
“यह केवल ड्रग्स का नेटवर्क नहीं, बल्कि बहु-राज्यीय मनी लॉन्ड्रिंग रैकेट भी है,” — पुलिस अधिकारी ने कहा।
Author: Bharat Kranti News
Anil Mishra CEO & Founder, Bharat Kranti News Anil Mishra is the CEO and Founder of Bharat Kranti News, a platform dedicated to fearless and unbiased journalism. With a mission to highlight grassroots issues and promote truth in media, he has built Bharat Kranti News into a trusted source of authentic and people-centric reporting across India.



