भदोही डीएम शैलेष कुमार ने की कड़ी समीक्षा — लंबित वादों, कर-करेत्तर वसूली और आईजीआरएस निस्तारण पर अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

लंबित वादों, कर-करेत्तर वसूली और आईजीआरएस निस्तारण पर जिलाधिकारी की कड़ी समीक्षा
भदोही, 15 अक्टूबर 2025 | भारत क्रांति न्यूज़ ब्यूरो

कलेक्ट्रेट सभागार, भदोही में जिलाधिकारी शैलेष कुमार की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर दर्ज डी श्रेणी के कार्य, कर-करेत्तर वसूली, लंबित रिट याचिकाएँ, राजस्व न्यायालयों से संबंधित कार्य, और आईजीआरएस शिकायतों के निस्तारण की स्थिति पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में संबंधित विभागों के समस्त अधिकारीगण उपस्थित रहे।


 लंबित वादों और राजस्व कार्यों पर सख्त निर्देश

जिलाधिकारी ने धारा-34 और 116 वादों के निस्तारण हेतु विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों की नियमित साप्ताहिक समीक्षा की जाए ताकि लंबित वादों का शीघ्र समाधान हो सके। डीएम ने यह भी कहा कि वादों की सुनवाई और रिपोर्टिंग पारदर्शी, तथ्यपरक और पूर्ण रूप से तर्कसंगत होनी चाहिए।

उन्होंने एडीएम, एसडीएम और तहसीलदारों को आदेशित किया कि 5 वर्ष से अधिक पुराने वादों का निस्तारण तत्काल प्राथमिकता पर किया जाए। इसके साथ ही मजिस्ट्रेट न्यायालयों के पेशकारों को वादों का रिकॉर्ड अद्यतन रखने और रिपोर्टिंग को सही स्वरूप में तैयार करने के निर्देश दिए।


 मेडिकल स्टोरों पर औचक जांच और योग्यता अनिवार्य

डीएम ने औषधि निरीक्षक को निर्देश दिया कि एसडीएम और तहसीलदार के साथ संयुक्त टीम गठित कर जिलेभर के मेडिकल स्टोरों की सघन जांच की जाए। उन्होंने कहा कि केवल मानक योग्यता प्राप्त फार्मासिस्ट ही मेडिकल स्टोर का संचालन करें, और यदि कोई अवैध व्यक्ति दवा विक्रय करते पाया गया तो उसके विरुद्ध कठोर विधिक कार्रवाई की जाएगी।

साथ ही उन्होंने स्पष्ट किया कि मेडिकल स्टोरों पर प्रतिबंधित या नियंत्रित दवाओं का विक्रय किसी भी स्थिति में न किया जाए।


 पेट्रोल पंपों की जांच और वसूली पर नजर

बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने बाटमाप अधिकारी और जिला पूर्ति अधिकारी को आदेश दिया कि वे एक टीम बनाकर कम से कम 10 प्रतिशत पेट्रोल पंपों की रैंडम जांच करें। इस अभियान के माध्यम से तेल की गुणवत्ता, माप-तौल की शुद्धता और उपभोक्ता हितों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी।

साथ ही उन्होंने तहसीलदारों को निर्देश दिया कि अमीनवार वसूली की निगरानी नियमित रूप से करें और शत-प्रतिशत वसूली सुनिश्चित करें।


 आईजीआरएस निस्तारण में शिथिलता पर फटकार

जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने आईजीआरएस (जन शिकायत निवारण प्रणाली) की समीक्षा के दौरान असंतुष्ट फीडबैक प्राप्त होने पर संबंधित अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। उन्होंने कहा कि शिकायतों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण आवश्यक है, ताकि शिकायतकर्ता को त्वरित न्याय मिल सके।

डीएम ने चेतावनी दी कि कोई भी शिकायत डिफॉल्टर श्रेणी में नहीं जानी चाहिए — यदि ऐसा पाया गया, तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।


🔹 राजस्व वसूली पर डीएम की सख्त टिप्पणी

राजस्व वसूली की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि लक्ष्य के सापेक्ष वसूली कार्य पूरा किया जाए, इसमें किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने परिवहन, आबकारी, मण्डी, राजस्व, खनन और नगर निकाय विभागों को विशेष अभियान चलाकर लक्षित वसूली सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि जो अधिकारी वसूली कार्य में लापरवाही करेंगे, उनके विरुद्ध प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने वसूली में पिछड़े विभागों के अधिकारियों को मौके पर ही कड़ी फटकार लगाई और कहा कि आगामी समीक्षा बैठक में प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी।


 लाभार्थी चयन में पारदर्शिता पर जोर

डीएम ने समस्त उप जिलाधिकारियों को निर्देशित किया कि कुम्हारी कला योजना एवं मत्स्य आवंटन जैसी योजनाओं में केवल पात्र लाभार्थियों का चयन किया जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी अपात्र व्यक्ति को सरकारी लाभ दिए जाने पर जिम्मेदार अधिकारियों पर कठोर कार्रवाई होगी।


 शासन की प्राथमिकता वाले कार्यों में तेजी

बैठक में डीएम ने शासन की प्राथमिकता वाले कार्यों जैसे —

  • खतौनी अंश निर्धारण,

  • स्वामित्व योजना,

  • एंटी भू-माफिया कार्रवाई,

  • रिट याचिकाओं के निस्तारण
    आदि की प्रगति की समीक्षा की और निर्देश दिया कि इन सभी बिंदुओं पर कार्य की गति और गुणवत्ता में और अधिक सुधार लाया जाए।


 बैठक में उपस्थित अधिकारीगण

बैठक में अपर जिलाधिकारी (वि./रा.) कुंवर वीरेंद्र मौर्य, अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) विजय नारायण सिंह, सभी उप जिलाधिकारी (प्रशासन/न्यायिक), तहसीलदार, औषधि निरीक्षक, जिला पूर्ति अधिकारी, खनन अधिकारी, बाटमाप अधिकारी सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।


जिलाधिकारी ने कहा — “समयबद्ध निस्तारण, पारदर्शिता और जवाबदेही प्रशासन की प्राथमिकता है। जनता की शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण निपटारा ही सुशासन का आधार है।”

— जिला सूचना कार्यालय, भदोही द्वारा प्रसारित समाचार
भारत क्रांति न्यूज़ — सत्य के साथ, समाज के साथ

Bharat Kranti News
Author: Bharat Kranti News

Anil Mishra CEO & Founder, Bharat Kranti News Anil Mishra is the CEO and Founder of Bharat Kranti News, a platform dedicated to fearless and unbiased journalism. With a mission to highlight grassroots issues and promote truth in media, he has built Bharat Kranti News into a trusted source of authentic and people-centric reporting across India.

Leave a Comment

और पढ़ें

Read More Articles