भदोही: मंदिर के सामने ज़मीन पर निर्माण को लेकर विवाद, ग्रामीणों ने जताई आपत्ति

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

भदोही: मंदिर के सामने ज़मीन पर निर्माण को लेकर विवाद, ग्रामीण बोले – आस्था से हो रहा खिलवाड़

भदोही, उत्तर प्रदेश – जिले के औराई तहसील अंतर्गत सम्हई भटानी गांव में एक मंदिर के सामने स्थित ज़मीन को लेकर तनाव गहराता जा रहा है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि बगल के गांव सम्हई राजपूतानी से कुछ लोग आकर उस ज़मीन पर कब्ज़ा कर निर्माण कर रहे हैं, जो दशकों से धार्मिक आयोजनों और सार्वजनिक उपयोग में रही है।

इस विवाद को लेकर गांव में आस्था बनाम अधिकार की सीधी टक्कर देखी जा रही है, जहां एक पक्ष इसे धार्मिक भावना से जुड़ा मामला बता रहा है, वहीं दूसरा पक्ष ज़मीन पर कानूनी हक जताते हुए निर्माण कार्य को जायज़ ठहरा रहा है।


ग्रामीणों का पक्ष: “ये ज़मीन सिर्फ ज़मीन नहीं, हमारी श्रद्धा है”

समय भटानी गांव के निवासियों का कहना है कि मंदिर के ठीक सामने स्थित यह ज़मीन शीतला माता से जुड़ी आस्थाओं और परंपराओं का केंद्र रही है। गांव में हर साल पूजा-पाठ, हवन और धार्मिक उत्सव इसी ज़मीन पर आयोजित होते आए हैं।

ग्रामीणों का आरोप है कि कुछ बाहरी लोग, जो पास के गांव समय राजपूतानी के हैं, अब इस ज़मीन पर अचानक निर्माण कार्य शुरू कर चुके हैं। उनका कहना है कि यह सिर्फ कब्ज़ा नहीं, बल्कि गांव की धार्मिक परंपराओं पर सीधा हमला है।

एक बुजुर्ग ग्रामीण ने कहा,

“हमने बचपन से देखा है कि यहां दरबार सजता है, महिलाएं पूजा करती हैं। अब वहां दीवारें उठाई जा रही हैं। अगर यह जारी रहा, तो हमारी पीढ़ियां पूजा भी नहीं कर पाएंगी।”


दूसरे पक्ष का जवाब: “हमारे पास कानूनी पट्टा है”

जब भारत क्रांति न्यूज़ ने दूसरे पक्ष से बात की तो उन्होंने अपना पक्ष साफ किया। उनका कहना है कि यह ज़मीन वर्ष 1989 में उन्हें ग्राम पंचायत से पट्टे पर दी गई थी, और उस समय उन्होंने वहां एक छोटा निर्माण कार्य भी कराया था जो समय के साथ जर्जर होकर ढह गया।

अब वे उसी ज़मीन पर पुनः निर्माण कर रहे हैं, जो कि उनके अनुसार पूरी तरह कानूनी है। उनका सवाल है कि जब ज़मीन उनके नाम पर वैध रूप से दर्ज है, तो ग्रामीणों को आपत्ति क्यों है?

दूसरे पक्ष के एक व्यक्ति ने कहा,

“हम अपने हक की ज़मीन पर निर्माण कर रहे हैं। हमें किसी की श्रद्धा से कोई दिक्कत नहीं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि हम अपने अधिकार का उपयोग न करें।”


प्रशासन की भूमिका: जांच जारी, माहौल तनावपूर्ण

इस मामले की शिकायत स्थानीय प्रशासन तक पहुंच चुकी है। लेखपाल और थाना पुलिस ने स्थल निरीक्षण कर प्रारंभिक रिपोर्ट तैयार की है। अभी तक कोई स्पष्ट निर्णय प्रशासन की ओर से नहीं आया है, लेकिन गांव में तनाव की स्थिति बनी हुई है।

ग्राम प्रधान से लेकर उप जिलाधिकारी तक इस मामले की गंभीरता को लेकर सक्रिय हैं, और दोनों पक्षों से दस्तावेज़ और गवाहियां मांगी जा रही हैं।


क्या होगा आगे? – गांव की निगाहें प्रशासन पर

इस विवाद ने गांव में दो वर्गों को आमने-सामने खड़ा कर दिया है –
➡️ एक तरफ हैं वे लोग जो इसे धार्मिक परंपरा और आस्था से जुड़ा मुद्दा मानते हैं।
➡️ दूसरी ओर वे हैं जो इसे कानूनी अधिकार के तौर पर देख रहे हैं।

अब सभी की निगाहें प्रशासन पर हैं कि वह किस पक्ष में निर्णय देता है –
क्या मंदिर के सामने फिर से सजेगा शीतला माता का दरबार,
या वहां खड़ा होगा एक निजी मकान?


📝 रिपोर्टर: आशु झा
📍 स्थान: सम्हई भटानी, भदोही
📺 स्रोत: भारत क्रांति न्यूज़

Bharat Kranti News
Author: Bharat Kranti News

Anil Mishra CEO & Founder, Bharat Kranti News Anil Mishra is the CEO and Founder of Bharat Kranti News, a platform dedicated to fearless and unbiased journalism. With a mission to highlight grassroots issues and promote truth in media, he has built Bharat Kranti News into a trusted source of authentic and people-centric reporting across India.

Leave a Comment

और पढ़ें

Read More Articles