सूचना देने में लापरवाही पर केएन विश्वविद्यालय के जन सूचना अधिकारी को नोटिस
भदोही/मिर्जापुर। काशी नरेश राज्य विश्वविद्यालय के जन सूचना अधिकारी एवं प्राचार्य को सूचना का अधिकार (आरटीआई) अधिनियम के तहत मांगी गई जानकारी समय से उपलब्ध न कराने पर राज्य सूचना आयोग ने कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
मामले की सुनवाई करते हुए वीरेंद्र प्रताप सिंह ने संबंधित अधिकारी से जवाब तलब किया है। आयोग ने पूछा है कि आखिर निर्धारित समय सीमा के भीतर आवेदक को सूचना क्यों नहीं उपलब्ध कराई गई।
जानकारी के अनुसार, मिर्जापुर जिले के कटरा कोतवाली क्षेत्र के नटवां जंगी रोड निवासी ऋचा ने आरटीआई अधिनियम के तहत आवेदन देकर अपने पति के संबंध में जानकारी मांगी थी। उन्होंने पूछा था कि उनके पति विवेक महाविद्यालय के वाणिज्य विभाग में सहायक प्रोफेसर के पद पर कब से कार्यरत हैं और उन्हें प्रतिमाह कितना वेतन दिया जा रहा है।
आरोप है कि आवेदन देने के बाद भी लंबे समय तक कोई सूचना उपलब्ध नहीं कराई गई। नियमानुसार समयसीमा समाप्त होने के बावजूद जवाब न मिलने पर ऋचा ने राज्य सूचना आयोग का दरवाजा खटखटाया और शिकायत दर्ज कराई।
प्रकरण को गंभीर मानते हुए राज्य सूचना आयुक्त ने जन सूचना अधिकारी/प्राचार्य को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। आयोग ने निर्देश दिया है कि संबंधित अधिकारी अपना पक्ष स्पष्ट करें और अगली सुनवाई में उपस्थित हों। मामले की अगली सुनवाई 16 जुलाई को निर्धारित की गई है।
सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत किसी भी सरकारी संस्था को तय समय के भीतर मांगी गई सूचना उपलब्ध कराना अनिवार्य होता है। ऐसा न करने पर संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई का प्रावधान है।
Author: Ashu Jha : Bharat Kranti News
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